Friday, February 23, 2024
बस्ती मण्डल

बालिका शिक्षा को बढ़ावा देकर दूर कर सकते हैं सामाजिक कुरीतियां

बस्ती। बालिकाओं की शिक्षा सबसे महत्वपूर्ण होती है। इस कार्य में काफी सुधार हुआ है। इसके बाद भी बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए काम करने की अपार संभावनाएं हैं। बालिकाओं को शिक्षित कर समाज से तमाम खामियों को दूर किया जा सकता है। यह बातें श्रीमती कृष्ण कुमारी पांडेय गर्ल्स इंटर कालेज के वार्षिकोत्सव समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रबंधक बिन्दवासिनी पांडेय ने कही। समारोह में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम रही।
प्रबंधक बिन्दवासिनी पांडेय, अध्यक्ष गणेश प्रसाद पांडेय, उप प्रबंधक डॉ. राकेश कुमार पांडेय, एसकेपी इंटर कालेज प्रबंधक अजय पांडेय, प्रबंध समिति सदस्य प्रदीप पांडेय, शिवम पांडेय, विनय पांडेय व अभय पांडेय ने प्रधानाचार्या डॉ. सुरभि सिंह के साथ दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। विद्यालय संस्थापिका स्व. श्रीमती कृष्ण कुमारी पांडेय सहित सभी के चित्र पर पुष्पार्चन कर श्रद्धासुमन अर्पित किया गया। प्रधानाचार्या ने सभी अतिथियों को पुष्पगुच्छ देकर व लिपिक संजय पांडेय, दिनेश मिश्र ने माल्यार्पण कर स्वागत किया।
अध्यक्ष गणेश पांडेय ने विद्यालय की स्थापना करने को लेकर श्रीकृष्ण पांडेय व श्रीमती कृष्ण कुमारी पांडेय के त्याग व तपस्या की जानकारी दी। उपप्रबंधक डॉ. राकेश कुमार पांडेय ने विद्यालय की विकास यात्रा पर प्रकाश डाला। प्रबंधक पांडेय इंटर कालेज अजय कुमार पांडेय व प्रधानाचार्या योगेश शुक्ल ने संस्थापिका की सोच के अनुसार शिक्षा में आगे जाने के लिए छात्राओं से अपील किया। रुखसार, कविता, किंजल, निधि, दिव्यांशी ने सरस्वती वंदना, दिव्या व नेहा ने स्वागत गीत, रुचि, पूजा, अंजली, शर्मिला, नंदिनी, रिकिता व अंकता ने कजरी, शिवांगी, अर्चना, बबली, प्रिया शर्मा, मुस्कान ने रानी लक्ष्मीबाई पर आधार नृत्य नाटिका, प्रार्थना व प्रिया ने राधाकृष्ण गीत प्रस्तुत किया। संगीत शिक्षिका कुसुमलता मिश्रा सहित सभी को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
छाया को सर्वश्रेष्ठ छात्रा, हाईस्कूल टॉपर अंजली, इंटर टॉपर नरगिस, गाइड की निशा, गायन में वैष्णवी, नृत्य में प्रार्थना, गाइड कलर पार्टी में निशा, अंकिता, आशियाना, खुशी व शिवांगी को सम्मानित किया गया। शिक्षिका दीपमाला पांडेय, प्रगिति यादव, शिल्पी सिंह, अनीता सिंह, अनीता पांडेय, वंदना पांडेय, भारती, मालती आदि मौजूद रहीं।